*लोग हैं*
तू बस अपनी खूबियां ढूंढ ....
कमियां निकालने के लिए
*लोग हैं |*
अगर रखना ही है कदम....
तो आगे रख ,
पीछे खींचने के लिए
*लोग हैं |*
सपने देखने ही है .....
तो ऊंचे देख ,
नीचा दिखाने के लिए
*लोग हैं |*
तू बस अपने अंदर
जुनून की चिंगारी भड़का,
जलने के लिए
*लोग हैं |*
अगर बनानी है.....
तो यादें बना,
बातें बनाने के लिए
*लोग हैं|*
प्यार करना है....
तो खुद से कर,
दुश्मनी करने के लिए
*लोग है |*
रहना है....
तो बच्चा बनकर रह ,
समझदार बनाने के लिए
*लोग है |*
भरोसा रखना है....
तो खुद पर रख,
शक करने के लिये
*लोग हैं |*
तू बस सँवार ले खुद को...
आईना दिखाने के लिए
*लोग हैं |*
खुद की अलग पहचान बना....
भीड़ में चलने के लिए
*लोग है |*
तू बस कुछ करके
दिखा दुनिया को......
तालियां बजाने के लिए
*लोग हैं |*
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